फाग गीतों के साथ होली की मस्ती, फूलों की होली के साथ छाया उत्साह
केकड़ी । होली के बाद भी शहर में होली जैसा ही उत्साह है। शहर में सामाजिक, धार्मिक, स्वयंसेवी संगठनों की ओर से जगह-जगह होली स्नेह मिलन समारोह के कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इन कार्यक्रमों के जरिए लोग एक-दूसरे के साथ होली की खुशियां बांट रहे हैं, साथ ही सामाजिक गतिविधियों पर भी विचार विमर्श कर रहे हैं। होली मिलन में एक दूसरे को गुलाल लगाकर पर्व की बधाई देने के साथ फूलों की होली और फाग गीतों के भी आयोजन हो रहे हैं।
रविवार को शहर में सरसडी गेट स्थित लक्ष्मीनाथ मन्दिर में वैष्णव बैरागी महासभा विकास समिति केकड़ी का होली स्नेह मिलन समारोह सम्पन्न हुआ। इस दौरान भजन संध्या का आयोजन भी हुआ, जिसमें होली गीतों व भजनों पर युवा एक-दूसरे पर पुष्प वर्षा कर झूमते रहे।
महासभा के सचिव कैलाशचन्द वैष्णव ने ‘बाबा नन्द के द्वार मची रे होली’, सह सचिव डॉ.विष्णुप्रसाद वैष्णव ने ‘छम-छम नाचे देखो वीर हनुमाना’, उपाध्यक्ष नारायण वैष्णव कंवरपुरा ने ‘आज तो बिरज में होली रे रसिया’, श्रीराम वैष्णव ने ‘गोकुल की हर गली में’, सदस्य महावीरदास वैष्णव चारणा का खेड़ा ने ‘नैना नीचा कर ले’ एवं कैलाशचन्द वैष्णव सांकरिया ने ‘शंकर के मन भाय रही काशी’ आदि भजनों पर अपनी प्रस्तुतियां दी।
समारोह के दौरान महासभा के अध्यक्ष गोपाललाल वैष्णव रणजीतपूरा ने समाज के युवाओं को शिक्षित एवं संगठित होकर आगे बढ़ाने की बात कही। कोषाध्यक्ष महावीरप्रसाद वैष्णव तसवारिया ने सभी का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर संरक्षक बिरदीचन्द वैष्णव, बजरंग दास वैष्णव सांकरिया, परमेश्वर टीलावत, शंकरलाल साधु, सत्यनारायण वैष्णव गन्धेर, संजय वैष्णव सांकरिया, राम वैष्णव, रामजस तिरुपति महावीर दास गोविन्द वैष्णव, गणेश वैष्णव, अनिल कुमार वैष्णव नासिरदा, अमित vc कई समाजजन उपस्थित थे।
